एकलव्य नाम संस्कृत मूल का एक प्राचीन और शक्तिशाली हिन्दू नाम है, जिसका शाब्दिक अर्थ है 'जिसका लक्ष्य अविचल हो' या 'एकल लक्ष्य वाला'। यह नाम महाभारत के एक महान पात्र से जुड़ा है, जो अपनी गुरुभक्ति, अद्वितीय धनुर्विद्या कौशल और त्याग के लिए विख्यात थे। एकलव्य ने बिना किसी औपचारिक शिक्षा के, केवल अपने गुरु द्रोणाचार्य की मिट्टी की प्रतिमा को साक्षी मानकर स्वयं ही धनुर्विद्या में महारत हासिल की थी, जो उनकी असाधारण निष्ठा और दृढ़ संकल्प का प्रतीक है।
अंक ज्योतिष के अनुसार, एकलव्य नाम का भाग्य अंक 9 है, जो मानवीयता, करुणा और नेतृत्व का प्रतीक है। इस नाम के व्यक्ति अक्सर उच्च आदर्शों वाले, परोपकारी और दृढ़ निश्चयी होते हैं। उनमें दूसरों की मदद करने और समाज में सकारात्मक बदलाव लाने की गहरी इच्छा होती है। वे अपनी प्रतिबद्धता और समर्पण के लिए जाने जाते हैं, ठीक उसी तरह जैसे महाभारत के एकलव्य ने अपनी गुरुभक्ति और कौशल के प्रति अटूट निष्ठा प्रदर्शित की थी।