इस कविता में विछोह (separation) के दर्द को दर्शाया गया है। 'वजूद' का अर्थ है अस्तित्व, 'रूह' का अर्थ है आत्मा, और 'तन्हाई' का अर्थ है अकेलापन।

यह कविता अकेलेपन और खालीपन के अहसास को दर्शाती है। 'शफ़क' का अर्थ है शाम की लाली, 'हम-ख़याली' का अर्थ है खुद से ही बातें करना।