प्यार की गहराई: रूहानी एहसास पर एक नाज़्म
मोहब्बत की रूहानी गहराइयों को छूती 'प्यार की राह' नाज़्म। Furkan S Khan द्वारा रचित, यह कविता प्रेम के शाश्वत एहसास को बयां करती है।
दरिया: नदी (river) एहसास: अनुभव, भावना (feeling, emotion) रूह: आत्मा (soul) सहता: सहन करता है, गुज़रता है (endures, passes through)
बहारों: वसंत ऋतु का (of spring) इश्क़: प्रेम, मोहब्बत (love) हर सू: हर तरफ, हर दिशा में (everywhere, in every direction) गुल: फूल (flower) निगाहों: आँखों (eyes) मंज़र: दृश्य (scene, view)
ज़ुबाँ: भाषा (language) सिवा तेरे: तुम्हारे सिवा (except you) रिश्ता: संबंध (relationship) वक़्त: समय (time)
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