प्रेरणा की लौ जलाओ: फ़ुरकान एस खान की प्रेरणादायक ग़ज़ल
फ़ुरकान एस खान द्वारा रचित 'प्रेरणा की लौ जलाओ' एक हृदयस्पर्शी ग़ज़ल है जो आपको जीवन में आगे बढ़ने, चुनौतियों का सामना करने और अपनी आंतरिक शक्ति को पहचानने के लिए प्रेरित करती है।
राह: रास्ता, पथ चाह: इच्छा, अभिलाषा रिवाज़: परंपरा, चलन बाज़: कुशल, निपुण (यहाँ अर्थ है लक्ष्य साधने वाला) इंतज़ार: प्रतीक्षा आगाज़: शुरुआत नाज़: गर्व, अभिमान साज़: वाद्य यंत्र, यहाँ अर्थ है अपनी धुन कुंजी: चाबी राज़: रहस्य
राज़: रहस्य, भेद आगाज़: शुरुआत साज़: वाद्य यंत्र, यहाँ अर्थ है धुन या संगीत नाज़: गर्व, अभिमान परवाज़: उड़ान अंदाज़: तरीका, शैली जंग: युद्ध, संघर्ष
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