रवानी: बहाव, प्रवाह मानिंद: समान, तरह फ़ानी: नश्वर, क्षणभंगुर गुलशन: बाग़, बगीचा संगम: मिलन, जुड़ाव फ़ुरक़त: जुदाई, विरह वस्ल: मिलन

मानिंद: समान, तरह दास्तान: कहानी बेमानी: अर्थहीन, व्यर्थ ओझल: अदृश्य, ग़ायब धुन: लय, मस्ती